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क्यों होता है सिलियक रोग या गेहूं से एलर्जी? डॉ. राजीव नागर से जानिए सावधानी और उपचार

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Image Courtesy: PixaBay अन्न में गेहूं को राजा माना गया है। यह हमारे शरीर को पुष्ट करता है। गेहूं में मौजूद पौष्टिक तत्व तन और मन को शक्ति देते हैं। दुनिया के कई देशों में लोग गेहूं को अपने भोजन में शामिल करते हैं। यह कैल्शियम, आयरन, विटामिन, थायमिन और फाइबर से भरपूर होता है, जो अनिद्रा, घबराहट, चिड़चिड़ापन, व्यवहार में असंतुलन जैसी समस्याओं को दूर रखने में सहायक होते हैं। परंतु यह देखकर आश्चर्य होता है कि कुछ लोगों को गेहूं से एलर्जी होती है।  क्या हैं कारण गेहूं में पाए जाने वाले ग्लूटेन (gluten) प्रोटीन का शरीर में पाचन नहीं होने से यह समस्या पैदा होने लगती है। इसमें मरीज की छोटी आंत (small intestine) की अंदर की परत नष्ट होने लगती है। इसके बाद संबधित व्यक्ति को गेहूं से एलर्जी की समस्या का सामना करना पड़ सकता है। क्या हैं लक्षण प्रभावित व्यक्ति में कई लक्षण दिखाई देते हैं, जैसे- दस्त, पेट फूलना, कब्ज, खून की कमी, लंबाई न बढ़ना, नाखून न बढ़ना, चिड़चिड़ापन, सुस्ती, याददाश्त कमजोर होना, हड्डियों में दर्द, अवसाद (depression), बेचैनी महसूस करना और विटामिन 12 की क...

The Old Ink Library की शुरुआत कैसे हुई?

नमस्कार साथियो! मेरा नाम राजीव शर्मा है। The Old Ink Library के इस ब्लॉग पर मैं आपका स्वागत करता हूं। आकार और संसाधनों के मामलों में यह एक छोटी लाइब्रेरी है लेकिन हमारा मकसद यकीनन बड़ा है। वह है — यह दुनिया हमें जिस रूप में मिली है, उसे और सुंदर और बेहतर जगह बनाना।  साल 2000 की सर्दियों में कुछ किताबों और बिना किसी नाम के इसकी शुरुआत मैंने एक छोटे-से कमरे में की थी। तब से अब तक बहुत कुछ बदल चुका है लेकिन मैं मानता हूं कि कुछ चीजें वक्त बदलने के बावजूद कभी नहीं बदलतीं। शिक्षा का उजाला एक ऐसी ही शक्ति है।  मैंने इसकी स्थापना मेरे गांव कोलसिया में की थी जो राजस्थान के झुंझुनूं जिले में स्थित है। अब मैं लाइब्रेरी को नए रूप में पेश कर रहा हूं, जिसमें इंटरनेट की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण होगी, ताकि यह उन लाखों बच्चों तक भी पहुंच सके जिनके बस्तों में कॉपी-किताबें, पेंसिल के छिलके, रबर के टुकड़े और फिरकी के अलावा ढेरों सपने कैद हैं।  इस लाइब्रेरी के नामकरण के पीछे भी एक दिलचस्प कहानी है। स्कूली पढ़ाई के दौरान हमारे अंग्रेजी के शिक्षक श्री सरदार सिंहजी इस बात पर खास ...